वन विभाग के एक दारोगा की मिलीभगत से क्षेत्र में खनन चल रहा है साहब की इन पर खास कृपा बनी रहती है

वन विभाग के एक दारोगा की मिलीभगत से क्षेत्र में खनन चल रहा है साहब की इन पर खास कृपा बनी रहती है
दिन में बालू इकट्ठा कर शाम ढलते ही टिपर और ट्रैक्टरो से परिवहन कर गंतव्य तक पहुंचाया जाता है
बीजपुर(बग्घा सिंह)जरहा वन महकमा खनन कराने में मशगूल है इनको आदेश के निर्देशों से कोई लेना देना नहीं है जरहा वन क्षेत्र के खनन करता अजीर नदी के मोहारे और छुहियारी के आसपास दिन में लाल सोना इकठ्ठा कर जगह-जगह रखते है उसके बाद ट्रैक्टरों ,टिपरो से शाम ढलते ही अपने वाहनों को चिन्हित स्थानों से लौडकर अपने गंतव्य तक पहुचा कर खेल को अंजाम दे रहे है सूत्रों के अनुसार वन महकमा के वन दरोगा का भूमिका संदिग्ध बताया जा रहा है जन चर्चाओं पर गौर करें तो वन महकमा के कर्मचारी दिखावे के लिए खनन के स्थानों तक पहुंचते जरूर हैं लेकिन खनन कर्ताओं की गाड़ियां सामने से ही जाते इनके चश्में से नही दिखता ।
जब जिम्मेदार है मुख दर्शक बने रहेंगे तो खनन कर्ताओं का हौसला बुलंद क्यों नहीं रहेगा और खनन कैसे रुकेगा यह ग्रामीणों को समझ के परे है नाम ना बताने के शर्त पर कुछ ग्रामीणों ने बताया कि विगत दिन वन विभाग की टीम आई थी उनके सामने से गाड़ियां निकली और उन्ही के घर पर जा कर लोग क्या कार्रवाई किए यह हम लोगों को मालूम नहीं वन महकमा जनता की आंखों में धूल कब तक झोकते रहेंगे यह हम लोगो को मालूम नहीं। इस संदर्भ में जरहा रेंजर जहीर मिर्ज़ा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम पहुंचती है और हम जांच कर खनन कर्ताओं पर सख्त कार्रवाई करेंगे ।